यूपी के यह 12 गाँव जुड़े तहसील से, सीएम योगी ने लगाई मुहर
उत्तर प्रदेश: गोंडा जिले के मनकापुर क्षेत्र में एक अहम प्रशासनिक परिवर्तन ने ग्रामीणों को राहत की सांस दी है. तहसील बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने उप जिलाधिकारी (एसडीएम) अवनीश त्रिपाठी को एक ज्ञापन सौंपकर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का आभार व्यक्त किया. इस ज्ञापन में सीएम द्वारा हाल ही में लिए गए फैसले की सराहना की गई, जिसमें तरबगंज तहसील के 12 राजस्व ग्रामों को मनकापुर तहसील में स्थानांतरित करने को स्वीकृति दी गई है.
बार संघ के अध्यक्ष भानु प्रताप मिश्र और मंत्री लालचंद शुक्ल ने जानकारी देते हुए बताया कि यह प्रस्ताव सबसे पहले तरबगंज के एसडीएम राजीव मोहन सक्सेना द्वारा शासन को भेजा गया था. लंबे समय से चली आ रही इस मांग को मुख्यमंत्री ने गंभीरता से लिया और ग्रामीणों की सुविधा के लिए शीघ्र निर्णय भी ले लिया. यह फैसला न केवल प्रशासनिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण है, बल्कि इससे हजारों ग्रामीणों के जीवन में सीधी राहत पहुंचेगी.
इस निर्णय के स्वागत में आयोजित सभा में वरिष्ठ अधिवक्ता श्यामलाल शुक्ल, श्रवण कुमार शुक्ल, संजय गुप्ता, बिंदु कुमार उपाध्याय, महेश दूबे, अनिल कुमार द्विवेदी, अम्बुज तिवारी, योगेंद्र यादव और नित्यानंद पांडेय समेत कई सम्मानित अधिवक्ताओं ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई. अब इन गांवों के निवासियों को 45 किलोमीटर दूर तरबगंज तहसील की दौड़ नहीं लगानी पड़ेगी. वर्षों से ग्रामीण अपने छोटे-छोटे कार्यों के लिए भी बड़ी दूरी तय करने को मजबूर थे, जिससे समय और संसाधनों की बर्बादी होती थी. अब मनकापुर तहसील में ही सभी प्रशासनिक कार्य निपटा सकेंगे, जिससे न्याय और सुविधा दोनों के दरवाजे इनके लिए समीप हो गए हैं.
यूपी के यह 12 गाँव जुड़े तहसील से, सीएम योगी ने लगाई मुहर
उत्तर प्रदेश: गोंडा जिले के मनकापुर क्षेत्र में एक अहम प्रशासनिक परिवर्तन ने ग्रामीणों को राहत की सांस दी है. तहसील बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने उप जिलाधिकारी (एसडीएम) अवनीश त्रिपाठी को एक ज्ञापन सौंपकर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का आभार व्यक्त किया. इस ज्ञापन में सीएम द्वारा हाल ही में लिए गए फैसले की सराहना की गई, जिसमें तरबगंज तहसील के 12 राजस्व ग्रामों को मनकापुर तहसील में स्थानांतरित करने को स्वीकृति दी गई है.
बार संघ के अध्यक्ष भानु प्रताप मिश्र और मंत्री लालचंद शुक्ल ने जानकारी देते हुए बताया कि यह प्रस्ताव सबसे पहले तरबगंज के एसडीएम राजीव मोहन सक्सेना द्वारा शासन को भेजा गया था. लंबे समय से चली आ रही इस मांग को मुख्यमंत्री ने गंभीरता से लिया और ग्रामीणों की सुविधा के लिए शीघ्र निर्णय भी ले लिया. यह फैसला न केवल प्रशासनिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण है, बल्कि इससे हजारों ग्रामीणों के जीवन में सीधी राहत पहुंचेगी.
इस निर्णय के स्वागत में आयोजित सभा में वरिष्ठ अधिवक्ता श्यामलाल शुक्ल, श्रवण कुमार शुक्ल, संजय गुप्ता, बिंदु कुमार उपाध्याय, महेश दूबे, अनिल कुमार द्विवेदी, अम्बुज तिवारी, योगेंद्र यादव और नित्यानंद पांडेय समेत कई सम्मानित अधिवक्ताओं ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई. अब इन गांवों के निवासियों को 45 किलोमीटर दूर तरबगंज तहसील की दौड़ नहीं लगानी पड़ेगी. वर्षों से ग्रामीण अपने छोटे-छोटे कार्यों के लिए भी बड़ी दूरी तय करने को मजबूर थे, जिससे समय और संसाधनों की बर्बादी होती थी. अब मनकापुर तहसील में ही सभी प्रशासनिक कार्य निपटा सकेंगे, जिससे न्याय और सुविधा दोनों के दरवाजे इनके लिए समीप हो गए हैं.
ताजा खबरें
About The Author
शोभित पांडेय एक समर्पित और अनुभवशील पत्रकार हैं, जो बीते वर्षों से डिजिटल मीडिया और ग्राउंड रिपोर्टिंग के क्षेत्र में लगातार सक्रिय हैं। खबरों की समझ, तथ्यों की सटीक जांच और प्रभावशाली प्रेज़ेंटेशन उनकी विशेष पहचान है। उन्होंने न्यूज़ राइटिंग, वीडियो स्क्रिप्टिंग और एडिटिंग में खुद को दक्ष साबित किया है। ग्रामीण मुद्दों से लेकर राज्य स्तरीय घटनाओं तक, हर खबर को ज़मीनी नजरिए से देखने और उसे निष्पक्षता के साथ प्रस्तुत करने में उनकी विशेष रुचि और क्षमता है।