इसी क्रम में अब गोरखपुर से आसनसोल जाने वाली गोरखपुर–आसनसोल एक्सप्रेस के यात्रियों के लिए बड़ी राहत की खबर है. पूर्वोत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी ने जानकारी दी है कि यात्रियों की सुरक्षा और आराम को ध्यान में रखते हुए गाड़ी संख्या 13507/13508 गोरखपुर–आसनसोल एक्सप्रेस तथा 13509/13510 आसनसोल–गोंडा एक्सप्रेस में अब पुराने आईसीएफ कोचों की जगह आधुनिक एलएचबी कोच लगाए जाएंगे.
अब तक इन ट्रेनों में आईसीएफ (इंटीग्रल कोच फैक्ट्री) के पारंपरिक कोच लगाए जाते थे, जिनमें कई तकनीकी सीमाएं थीं. इन कोचों में अधिकतम 110 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से ही ट्रेन चलाने की अनुमति होती थी. साथ ही, लंबे सफर के दौरान झटकों और सुविधाओं की कमी को लेकर यात्रियों की शिकायतें भी सामने आती रही हैं.
एलएचबी (लिंक हॉफमैन बुश) कोच आधुनिक तकनीक से लैस होते हैं और इन्हें अधिक सुरक्षित माना जाता है. इन कोचों में 150 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से चलने की क्षमता होती है. इसके अलावा, इनमें बेहतर सस्पेंशन सिस्टम, उन्नत ब्रेकिंग व्यवस्था और हादसे की स्थिति में कम नुकसान की संभावना जैसी विशेषताएं मौजूद हैं.
यात्रियों की सुविधा के लिए एलएचबी कोचों में साफ-सुथरे और आधुनिक शौचालय, बेहतर एसी कोच, आरामदायक स्लीपर कोच तथा अधिक सुरक्षित दरवाजे और खिड़कियां उपलब्ध होती हैं.
रेलवे के इस फैसले से गोरखपुर, गोंडा और आसनसोल के बीच सफर करने वाले हजारों यात्रियों को अब अधिक सुरक्षित, तेज और आरामदायक यात्रा का अनुभव मिलेगा. यह कदम रेलवे के आधुनिकीकरण की दिशा में एक और महत्वपूर्ण पहल रहा है.