बस्ती में इस रूट पर चौड़ी हो रही सड़क, 112 करोड़ की सड़क परियोजना में तेजी
Basti News
हाल के दिनों में हुई विभागीय बैठकों के बाद ट्रैक पर लौटी इस योजना को लेकर प्रशासन ने सख्ती भी बढ़ाई है. अधिकारियों का कहना है कि इस बार काम तय समयसीमा में पूरा कराने की रणनीति बनाई गई है. सड़क किनारे सफाई, मिट्टी कार्य और चौड़ीकरण से जुड़े चरण एक साथ आगे बढ़ाए जा रहे हैं जिससे देरी की गुंजाइश कम रहे.
पहले क्यों अटका था काम
इस परियोजना में सबसे बड़ी बाधा वन भूमि और पेड़ों से जुड़ी औपचारिकताएं थीं. कई हिस्सों में अनुमति न मिलने से निर्माण बार-बार रुकता रहा. विशेष रूप से सल्टौआ क्षेत्र के आगे का भाग लंबे समय तक लंबित रहा, जिससे पूरी परियोजना की गति प्रभावित हुई.
यह भी पढ़ें: बस्ती के कोच अनिकेत उपाध्याय को बड़ी उपलब्धि, Cricket Australia से Level-2 सर्टिफिकेट हासिलअब विभागों के बीच सहमति बनने और जरूरी स्वीकृतियां मिल जाने के बाद ठप पड़ा काम दोबारा शुरू कर दिया गया है. जिम्मेदार अधिकारियों का दावा है कि भविष्य में ऐसी रुकावट न आए, इसके लिए समन्वय तंत्र मजबूत किया गया है.
परियोजना के अंतर्गत बस्ती जिले में लगभग 34 किलोमीटर सड़क को चौड़ा और मजबूत किया जाना है, लेकिन अब तक करीब 10 किलोमीटर हिस्से पर ही संतोषजनक काम हो पाया था. वन विभाग से एनओसी मिलने के बाद निर्माण एजेंसी ने पेड़ों की कटाई और पटरी कार्य तेज कर दिया है.
लोक निर्माण विभाग ने वन विभाग की शर्तें पूरी करते हुए कप्तानगंज रेंज में कुल 18.84 हेक्टेयर वैकल्पिक भूमि उपलब्ध कराई है. इसमें बैजीपुर में 14.734 हेक्टेयर और साहूपार-कोहरसा में 4.106 हेक्टेयर जमीन दी गई है. अधिकारियों के मुताबिक, अब तक 750 से ज्यादा पेड़ हटाए जा चुके हैं, जबकि करीब एक हजार पेड़ों पर अभी कार्रवाई बाकी है.
यह सड़क एनएच-28 के मनौरी चौराहे से शुरू होकर सिद्धार्थनगर सीमा के दुबौली गांव तक विकसित की जा रही है. पूरे प्रोजेक्ट पर लगभग 112.32 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं. मार्ग तैयार होने के बाद बस्ती, सिद्धार्थनगर, बलरामपुर, बहराइच, श्रावस्ती और संतकबीरनगर के बीच यात्रा काफी सुगम हो जाएगी.
लोगों को क्या मिलेगा फायदा
स्थानीय राहगीरों का कहना है कि अधूरी सड़क के कारण दुर्घटना का खतरा बना रहता था और सफर में समय भी अधिक लगता था. अब काम दोबारा शुरू होने से व्यापार, आवागमन और आपात सेवाओं को बड़ा लाभ मिलने की उम्मीद है.
परियोजना से जुड़े इंजीनियरों का कहना है कि अब फील्ड पर संसाधन बढ़ा दिए गए हैं और कोशिश है कि निर्धारित समय में काम पूरा कर दिया जाए. अगर काम इसी रफ्तार से चलता रहा तो आने वाले महीनों में यह मार्ग क्षेत्र की प्रमुख कनेक्टिविटी लाइन बन सकता है.
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शोभित पांडेय एक समर्पित और अनुभवशील पत्रकार हैं, जो बीते वर्षों से डिजिटल मीडिया और ग्राउंड रिपोर्टिंग के क्षेत्र में लगातार सक्रिय हैं। खबरों की समझ, तथ्यों की सटीक जांच और प्रभावशाली प्रेज़ेंटेशन उनकी विशेष पहचान है। उन्होंने न्यूज़ राइटिंग, वीडियो स्क्रिप्टिंग और एडिटिंग में खुद को दक्ष साबित किया है। ग्रामीण मुद्दों से लेकर राज्य स्तरीय घटनाओं तक, हर खबर को ज़मीनी नजरिए से देखने और उसे निष्पक्षता के साथ प्रस्तुत करने में उनकी विशेष रुचि और क्षमता है।