यूपी में इस ट्रेन को मिले नए कोच, मुंबई जाने में होगी आसानी
बीते शनिवार को अधिकारियों ने औपचारिक रूप से ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया. प्लेटफॉर्म पर मौजूद यात्रियों में नए कोच को लेकर उत्सुकता और खुशी साफ दिखाई दी.
हादसों में नुकसान कम करने वाली तकनीक
रेलवे अधिकारियों के अनुसार एलएचबी (लिंक हॉफमैन बुश) कोच पारंपरिक आईसीएफ डिब्बों की तुलना में ज्यादा सुरक्षित माने जाते हैं. इन कोचों में एंटी-टेलीस्कोपिक सिस्टम लगाया गया है, जिससे दुर्घटना की स्थिति में डिब्बे एक-दूसरे पर चढ़ने की संभावना बहुत कम हो जाती है. इससे जान-माल के नुकसान को काफी हद तक घटाया जा सकता है.
इसके साथ ही इनमें डिस्क ब्रेक तकनीक दी गई है, जो तेज रफ्तार के दौरान भी ट्रेन को कम दूरी में नियंत्रित करने में मदद करती है. आपात स्थिति में यह प्रणाली यात्रियों की सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है.
मुंबई रूट के यात्रियों को सीधा फायदा
यह ट्रेन बरेली से मुंबई के लोकमान्य तिलक टर्मिनल तक सप्ताह में एक दिन, शनिवार को संचालित होती है. नए कोच जुड़ने से लंबी दूरी तय करने वाले यात्रियों को अब ज्यादा सुरक्षित और आरामदायक सफर का अनुभव मिलेगा.
रेलवे अधिकारियों का कहना है कि यह सिर्फ शुरुआत है. आने वाले समय में अन्य ट्रेनों में भी चरणबद्ध तरीके से एलएचबी कोच लगाए जाएंगे, जिससे देशभर के यात्रियों को आधुनिक और सुरक्षित रेल यात्रा का लाभ मिल सके.
लंबी दूरी की यात्रा होगी ज्यादा आरामदायक
नई तकनीक वाले ये कोच पुराने डिब्बों की तुलना में करीब 2 मीटर लंबे हैं. इससे सीटों की संख्या बढ़ी है और अधिक यात्रियों को जगह मिल सकेगी. बेहतर सस्पेंशन सिस्टम के कारण झटके कम महसूस होते हैं, जिससे लंबी दूरी का सफर पहले से ज्यादा स्मूद और आरामदायक हो जाता है.
यात्रियों ने पहले ही दिन यात्रा को शांत, संतुलित और सुविधाजनक बताया. कोचों में बायो-टॉयलेट की व्यवस्था भी की गई है, जिससे ट्रैक पर गंदगी नहीं फैलेंगी और स्वच्छता बनी रहती है. इसे स्वच्छता अभियान के अनुरूप एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है.
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शोभित पांडेय एक समर्पित और अनुभवशील पत्रकार हैं, जो बीते वर्षों से डिजिटल मीडिया और ग्राउंड रिपोर्टिंग के क्षेत्र में लगातार सक्रिय हैं। खबरों की समझ, तथ्यों की सटीक जांच और प्रभावशाली प्रेज़ेंटेशन उनकी विशेष पहचान है। उन्होंने न्यूज़ राइटिंग, वीडियो स्क्रिप्टिंग और एडिटिंग में खुद को दक्ष साबित किया है। ग्रामीण मुद्दों से लेकर राज्य स्तरीय घटनाओं तक, हर खबर को ज़मीनी नजरिए से देखने और उसे निष्पक्षता के साथ प्रस्तुत करने में उनकी विशेष रुचि और क्षमता है।