यूपी के इस जिले में बिजली समस्या से मिली बड़ी राहत, उपभोक्ताओं के खिले चेहरे
बिजली उपभोक्ताओं के लिए बड़ी खबर
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में बिजली का भयंकर संकट से 75000 उपभोक्ता को अब इस खबर से राहत मिल सकती है राजधानी में पांच विद्युत केंद्र का निर्माण जुलाई माह से प्रारंभ हो जाएगा और फिर दिसंबर महीने तक पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है इस प्रोजेक्ट के माध्यम से करीब करीब 70 करोड रुपए की धनराशि से ट्रांस गोमती सर्कल के अंतर्गत चलाया जाएगा. इस दौरान निर्माण सर्कल ट्रांस गोमती के अफसर आशीष सिंह ने कहा है कि
एक उपेंद्र के निर्माण में लगभग लगभग 15 करोड रुपए की राशि खर्च की जाएगी राजधानी के 75000 उपभोक्ताओं को भले ही गर्मी में बिजली की वजह से रात में जागना पड़ रहा है मगर अगले साल की गर्मी में इन्हें बड़ी राहत मिलने की उम्मीद जताई जा रही है. इसी बीच उपभोक्ताओं को पांच नए विद्युत उपकेंद्र बिजली घर दिया जा रहा है जो काकोरी मोड़ रोड एफसीआई सरोजिनी नगर स्थित विद्युत प्रशिक्षण संस्थान परिसर जिला कानपुर रोड की एलडीए कॉलोनी में लोक बंद अस्पताल के आसपास गोमती नगर में विनम्र खंड और विशेष खंड में बनाए जा रहे हैं.
बिजली समस्याओं से मिली मुक्ति
मिली जानकारी के अनुसार बताया गया है कि प्रत्येक उपकेंद्र से औसत 15000 उपभोक्ताओं को बिजली की सुविधा दी जाएगी इसके अंतर्गत निर्माण के लिए उत्तर प्रदेश पावर कारपोरेशन के निदेशक मंडल ने कुछ दिन पहले ही बिजनेस प्लान 202526 के अंतर्गत मंजूरी दे दी थी. अब इसी बीच मध्यांचल विद्युत वितरण निगम की ओर से निर्माण के लिए आदेश जारी होने की बस देरी है 45 दिन के अंदर जुलाई माह में इनका निर्माण कार्य प्रारंभ हो जाएगा नए उपकेद्र को दिसंबर तक चालू रखने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है.
आगे कहां गया है कि इसमें आठ पुराने उपकेंद्र न्यू आलमबाग, नादरगंज ओल्ड और न्यू पुराना, एफसीआई गोमती नगर के विभूतिखंड, मंत्री आवास और विराज खंड की ओवरलोडिंग दूर कर पाएगी. पूरे शहर में पांच नए उपकेंद्र बनाने के लिए लगभग लगभग 70 करोड रुपए खर्च करने की लागत से प्रस्ताव बनाया जा चुका है. आगे बताया गया है कि गोमती नगर के विनम्र खंड तथा विशेष खंड के उपकेंद्र कार्य निर्माण के दौरान 32 करोड रुपए की धनराशि खर्च की जाएगी निर्माण सर्किल पांच के अवसर गुरजीत सिंह ने कहा है कि ईटीआई और लोग बंद अस्पताल , एफसीआई के पास में बिजली घर की कुल अनुमानित लागत 38 करोड रुपए की जा चुकी है.
ताजा खबरें
About The Author
शम्भूनाथ गुप्ता पिछले 5 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता में हैं। 'मीडिया दस्तक' और 'बस्ती चेतना' जैसे प्लेटफॉर्म पर न्यूज़ और वीडियो एडिटिंग टीम में अपनी सेवाएं दे चुके हैं। न्यूज़ प्रोडक्शन और डिजिटल कंटेंट निर्माण में गहरा अनुभव रखते हैं। वर्तमान में वे 'भारतीय बस्ती' की उत्तर प्रदेश टीम में कार्यरत हैं, जहां वे राज्य से जुड़ी खबरों की गंभीर और सटीक कवरेज में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं।