योगी सरकार का बड़ा फैसला: ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे के लिए 895 करोड़ मंजूर, 6 जिलों में भूमि अधिग्रहण

योगी सरकार का बड़ा फैसला: ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे के लिए 895 करोड़ मंजूर, 6 जिलों में भूमि अधिग्रहण
योगी सरकार का बड़ा फैसला: ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे के लिए 895 करोड़ मंजूर, 6 जिलों में भूमि अधिग्रहण

उत्तर प्रदेश: उत्तर प्रदेश में एक्सप्रेसवे नेटवर्क को और मजबूत करने की दिशा में सरकार ने एक और बड़ा कदम उठाया है. आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे और गंगा एक्सप्रेसवे को आपस में जोड़ने के लिए प्रस्तावित नए ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे को लेकर अब काम तेज होने वाला है. इस महत्वाकांक्षी परियोजना के लिए सरकार की ओर से भारी-भरकम बजट को मंजूरी दे दी गई है, जिससे कई जिलों में विकास की रफ्तार बढ़ने की उम्मीद है.

हरदोई से फर्रुखाबाद तक बनेगा नया एक्सप्रेसवे

प्रस्तावित प्रवेश नियंत्रित ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे हरदोई से शुरू होकर फर्रुखाबाद तक जाएगा. यह नया रूट न केवल दो बड़े एक्सप्रेसवे को जोड़ेगा, बल्कि मध्य यूपी के कई जिलों को बेहतर सड़क सुविधा भी देगा. इस एक्सप्रेसवे के बन जाने से लंबी दूरी का सफर और अधिक सुगम और तेज हो जाएगा.

जमीन अधिग्रहण के लिए जारी होगी बड़ी राशि

सरकार ने इस परियोजना के लिए कुल 895 करोड़ रुपये की धनराशि स्वीकृत की है. इसमें से अधिकांश रकम जमीन अधिग्रहण पर खर्च की जाएगी. अलग-अलग जिलों के जिलाधिकारियों को उनके क्षेत्र में आने वाली जमीन के अधिग्रहण के लिए राशि जारी की जाएगी, ताकि परियोजना में किसी तरह की देरी न हो.

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जिलावार तय की गई धनराशि

स्वीकृत बजट के अंतर्गत:-

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  • इटावा जिले के लिए 75 करोड़ रुपये
  • कन्नौज जिले के लिए 63 करोड़ रुपये
  • मैनपुरी जिले के लिए 300 करोड़ रुपये
  • फर्रुखाबाद जिले के लिए सबसे अधिक 466.20 करोड़ रुपये
  • हरदोई जिले को 21 करोड़ रुपये
  • शाहजहांपुर जिले को 26.50 करोड़ रुपये

पहले ही मिल चुकी है प्रशासनिक मंजूरी

इस ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे परियोजना को पिछले वर्ष ही प्रशासनिक स्तर पर स्वीकृति मिल चुकी थी. अब बजट जारी होने के बाद जमीन अधिग्रहण और आगे की प्रक्रियाएं तेज होने की उम्मीद है. सरकार का लक्ष्य है कि काम समय पर शुरू हो और तय समयसीमा में पूरा किया जा सके.

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यूपीडा को सौंपी गई जिम्मेदारी

इस पूरे प्रोजेक्ट को जमीन पर उतारने की जिम्मेदारी उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण को दी गई है. यूपीडा पहले भी कई बड़े एक्सप्रेसवे प्रोजेक्ट सफलतापूर्वक पूरा कर चुका है, ऐसे में इस योजना को लेकर भी तेजी और गुणवत्ता की उम्मीद जताई जा रही है.

आवागमन और विकास को मिलेगा बड़ा फायदा

एक्सप्रेसवे के पूरा होने के बाद आगरा, लखनऊ और गंगा एक्सप्रेसवे के बीच सीधा और तेज संपर्क स्थापित होगा. इससे व्यापार, उद्योग और पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा. साथ ही आसपास के जिलों में रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और क्षेत्रीय विकास को नई दिशा मिलेगी.

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शोभित पांडेय एक समर्पित और अनुभवशील पत्रकार हैं, जो बीते वर्षों से डिजिटल मीडिया और ग्राउंड रिपोर्टिंग के क्षेत्र में लगातार सक्रिय हैं। खबरों की समझ, तथ्यों की सटीक जांच और प्रभावशाली प्रेज़ेंटेशन उनकी विशेष पहचान है। उन्होंने न्यूज़ राइटिंग, वीडियो स्क्रिप्टिंग और एडिटिंग में खुद को दक्ष साबित किया है। ग्रामीण मुद्दों से लेकर राज्य स्तरीय घटनाओं तक, हर खबर को ज़मीनी नजरिए से देखने और उसे निष्पक्षता के साथ प्रस्तुत करने में उनकी विशेष रुचि और क्षमता है।