बस्ती में शिक्षकों का विरोध! गर्मी में समय बदलने की मांग, जनगणना ड्यूटी में भ्रष्टाचार के आरोप
शुक्रवार को राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ ने जिलाध्यक्ष डॉ. अरविन्द निषाद के नेतृत्व में विद्यालय समय परिवर्तन एवं जनगणना में ड्यूटी के संबंध में जिलाधिकारी को सम्बोधित ज्ञापन एसडीएम सदर शत्रुघ्न पाठक को सौंपा. ज्ञापन लेने के बाद श्री पाठक ने कहा कि ज्ञापन में कही गई बातों पर गंभीरता से विचार करते हुए शासन को प्रेषित कर दिया जाएगा.
ज्ञापन देने के बाद डॉ. अरविन्द निषाद ने कहा कि भीषण धूप और गर्मी को ध्यान में रखते हुए विद्यालय का समय प्रातः 7.30 से 12.30 कर दिया जाए और जनगणना में लगे हुए शिक्षकों की ड्यूटी उनके विद्यालय के ग्राम सभा में ही लगाई जाए. यदि पति-पत्नी दोनों की ड्यूटी लगी हो तो किसी एक को राहत दे दिया जाय.
ड्यूटी में पारदर्शिता पर सवाल, शिक्षकों से वसूली का आरोप
गंभीर रूप से बीमार, विकलांग एवं गर्भवती श्ाििक्षकाओं का ड्यूटी लगाने में उनकी स्थितियों का ध्यान दिया जाए. बीआरसी कार्यालय से यह सुनिश्चित किया जाए की जनगणना में कितने शिक्षकों की ड्यूटी लगी है और किसकी नहीं लगी है, यदि नहीं लगी है तो उसके पीछे क्या कारण है. उन्होने कहा कि ऐसी चर्चा है कि कुछ शिक्षकों से धन लेकर अवैध रूप से नाम हटाया जा रहा है जो सरकार की छवि को धूमिल करने का एक प्रयास है.
सभी ड्यूटी पारदर्शिता पूर्वक लगाई जाए. ज्ञापन देने वालों में जिला कार्यकारी अध्यक्ष राकेश सिंह, महामंत्री अटल बिहारी गौड़ कोषाध्यक्ष विनय प्रकाश श्रीवास्तव, संयुक्त मंत्री अमरेंद्र चौधरी, उपाध्यक्ष राजकुमार प्रजापति, राहुल द्विवेदी, हरिप्रसाद मिश्रा अशोक मिश्रा आदि शामिल रहे.
बस्ती में शिक्षकों का विरोध! गर्मी में समय बदलने की मांग, जनगणना ड्यूटी में भ्रष्टाचार के आरोप
शुक्रवार को राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ ने जिलाध्यक्ष डॉ. अरविन्द निषाद के नेतृत्व में विद्यालय समय परिवर्तन एवं जनगणना में ड्यूटी के संबंध में जिलाधिकारी को सम्बोधित ज्ञापन एसडीएम सदर शत्रुघ्न पाठक को सौंपा. ज्ञापन लेने के बाद श्री पाठक ने कहा कि ज्ञापन में कही गई बातों पर गंभीरता से विचार करते हुए शासन को प्रेषित कर दिया जाएगा.
ज्ञापन देने के बाद डॉ. अरविन्द निषाद ने कहा कि भीषण धूप और गर्मी को ध्यान में रखते हुए विद्यालय का समय प्रातः 7.30 से 12.30 कर दिया जाए और जनगणना में लगे हुए शिक्षकों की ड्यूटी उनके विद्यालय के ग्राम सभा में ही लगाई जाए. यदि पति-पत्नी दोनों की ड्यूटी लगी हो तो किसी एक को राहत दे दिया जाय.
ड्यूटी में पारदर्शिता पर सवाल, शिक्षकों से वसूली का आरोप
गंभीर रूप से बीमार, विकलांग एवं गर्भवती श्ाििक्षकाओं का ड्यूटी लगाने में उनकी स्थितियों का ध्यान दिया जाए. बीआरसी कार्यालय से यह सुनिश्चित किया जाए की जनगणना में कितने शिक्षकों की ड्यूटी लगी है और किसकी नहीं लगी है, यदि नहीं लगी है तो उसके पीछे क्या कारण है. उन्होने कहा कि ऐसी चर्चा है कि कुछ शिक्षकों से धन लेकर अवैध रूप से नाम हटाया जा रहा है जो सरकार की छवि को धूमिल करने का एक प्रयास है.
सभी ड्यूटी पारदर्शिता पूर्वक लगाई जाए. ज्ञापन देने वालों में जिला कार्यकारी अध्यक्ष राकेश सिंह, महामंत्री अटल बिहारी गौड़ कोषाध्यक्ष विनय प्रकाश श्रीवास्तव, संयुक्त मंत्री अमरेंद्र चौधरी, उपाध्यक्ष राजकुमार प्रजापति, राहुल द्विवेदी, हरिप्रसाद मिश्रा अशोक मिश्रा आदि शामिल रहे.
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विकास कुमार पिछले 20 साल से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। इन्होंने लखनऊ विश्वविद्यालय से स्नातक की पढ़ाई पूरी की है। उत्तर प्रदेश की राजनीति पर इनकी मजबूत पकड़ है, विधानसभा, प्रशासन और स्थानीय निकायों की गतिविधियों पर ये वर्षों से लगातार रिपोर्टिंग कर रहे हैं। विकास कुमार लंबे समय से भारतीय बस्ती से जुड़े हुए हैं और अपनी जमीनी समझ व राजनीतिक विश्लेषण के लिए पहचाने जाते हैं। राज्य की राजनीति पर उनकी गहरी पकड़ उन्हें एक भरोसेमंद पत्रकार की पहचान देती है