गोरखपुर में बनेंगे कई नए रेल रूट! रेलवे को 16 प्रोजेक्ट के सर्वे की ग्रीन सिग्नल

उत्तर प्रदेश: पूर्वोत्तर रेलवे के यात्रियों और माल परिवहन को अब और बेहतर सुविधा मिलने जा रही है. रेलवे बोर्ड ने 16 बड़े रेल प्रोजेक्ट के सर्वे को मंजूरी दे दी है. इसके लिए 12 करोड़ रुपये का बजट भी जारी कर दिया गया है. इनमें सबसे महत्वपूर्ण मनकापुर से कोपा तक चौथी लाइन और सरदारनगर से खजनी तक नई बाईपास लाइन शामिल हैं.

रेल नेटवर्क को मिलेगी नई दिशा

उत्तर प्रदेश में स्थित गोरखपुर जंक्शन पर हर दिन बढ़ते रेल यातायात के दबाव को देखते हुए रेलवे प्रशासन अब बाईपास और अतिरिक्त लाइनें बनाने पर जोर दे रहा है. चौथी लाइन के लिए डीपीआर (डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट) तैयार करने की प्रक्रिया जल्द शुरू होगी. रेलवे सूत्रों का कहना है कि इस प्रोजेक्ट को 2026 के आम बजट में फंडिंग मिलने की पूरी उम्मीद है. 

सरदारनगर से खजनी तक बनेगी 34.67 किमी लंबी बाईपास लाइन

गोरखपुर के लिए यह प्रोजेक्ट बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है. रेलवे निर्माण विभाग ने सरदारनगर से खजनी तक की 34.67 किलोमीटर लंबी बाईपास लाइन का प्रारंभिक सर्वे पूरा कर लिया है. अब फाइनल लोकेशन सर्वे शुरू किया जाएगा.

Uttar Pradesh Panchayat Chunav: आज हो सकता है फैसला, स्थिति होगी साफ यह भी पढ़ें: Uttar Pradesh Panchayat Chunav: आज हो सकता है फैसला, स्थिति होगी साफ

इस बाईपास की अनुमानित लागत 945 करोड़ रुपये बताई जा रही है. योजना के अंतर्गत यह लाइन सहजनवां-दोहरीघाट रेलमार्ग के पास खजनी में जुड़ जाएगी. इससे मालगाड़ियों को गोरखपुर होकर जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी.

किन-किन प्रोजेक्ट्स के लिए जारी हुआ सर्वे बजट

रेलवे बोर्ड द्वारा मंजूर 16 प्रोजेक्ट्स में निम्नलिखित प्रमुख लाइनें शामिल हैं :-

  • मनकापुर–डोमिनगढ़ चौथी लाइन (121 किमी) – ₹2.42 करोड़
  • कुसम्ही–कोपा चौथी लाइन (157 किमी) – ₹3.14 करोड़
  • कुसम्ही–उनौला बाईपास (12 किमी) – ₹24 लाख
  • इंदारा बाईपास (16 किमी) – ₹32 लाख
  • कप्तानगंज बाईपास (9 किमी) – ₹17 लाख
  • घुघली बाईपास (2 किमी) – ₹4 लाख
  • औड़िहार बाईपास (20 किमी) – ₹40 लाख
  • मऊ बाईपास (15 किमी) – ₹30 लाख
  • सीवान बाईपास (12 किमी) – ₹24 लाख
  • टेकनिवास–छपरा बाईपास (12 किमी) – ₹24 लाख

मालगाड़ियों का दबाव घटेगा, हर साल 43 करोड़ की बचत

नई बाईपास लाइन तैयार होने के बाद मालगाड़ियां सीधे सरदारनगर से खजनी, सहजनवां होते हुए खलीलाबाद की ओर जा सकेंगी. इससे गोरखपुर जंक्शन पर ट्रैफिक का बोझ घटेगा और समय की बचत होगी. इस कदम से रेलवे को हर वर्ष करीब 43 करोड़ रुपये की बचत होगी. सर्वे रिपोर्ट के अनुसार, 32 मालगाड़ियां प्रतिदिन गोरखपुर होकर गुजरती हैं, जिन्हें बाईपास किया जा सकेगा. 

रेलवे अधिकारियों की मानें तो जैसे ही सर्वे रिपोर्ट तैयार होकर मुख्यालय भेजी जाएगी, निर्माण कार्य को प्राथमिकता दी जाएगी. इन परियोजनाओं के पूरा होने पर गोरखपुर समेत पूर्वांचल के कई जिलों में रेल यातायात सुगम होगा, साथ ही यात्रियों को तेज और समय पर ट्रेनों की सुविधा मिल सकेगी.

भारतीय बस्ती
bhartiyabasti.com
04 Nov 2025 By Shobhit Pandey

गोरखपुर में बनेंगे कई नए रेल रूट! रेलवे को 16 प्रोजेक्ट के सर्वे की ग्रीन सिग्नल

उत्तर प्रदेश: पूर्वोत्तर रेलवे के यात्रियों और माल परिवहन को अब और बेहतर सुविधा मिलने जा रही है. रेलवे बोर्ड ने 16 बड़े रेल प्रोजेक्ट के सर्वे को मंजूरी दे दी है. इसके लिए 12 करोड़ रुपये का बजट भी जारी कर दिया गया है. इनमें सबसे महत्वपूर्ण मनकापुर से कोपा तक चौथी लाइन और सरदारनगर से खजनी तक नई बाईपास लाइन शामिल हैं.

रेल नेटवर्क को मिलेगी नई दिशा

उत्तर प्रदेश में स्थित गोरखपुर जंक्शन पर हर दिन बढ़ते रेल यातायात के दबाव को देखते हुए रेलवे प्रशासन अब बाईपास और अतिरिक्त लाइनें बनाने पर जोर दे रहा है. चौथी लाइन के लिए डीपीआर (डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट) तैयार करने की प्रक्रिया जल्द शुरू होगी. रेलवे सूत्रों का कहना है कि इस प्रोजेक्ट को 2026 के आम बजट में फंडिंग मिलने की पूरी उम्मीद है. 

सरदारनगर से खजनी तक बनेगी 34.67 किमी लंबी बाईपास लाइन

गोरखपुर के लिए यह प्रोजेक्ट बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है. रेलवे निर्माण विभाग ने सरदारनगर से खजनी तक की 34.67 किलोमीटर लंबी बाईपास लाइन का प्रारंभिक सर्वे पूरा कर लिया है. अब फाइनल लोकेशन सर्वे शुरू किया जाएगा.

इस बाईपास की अनुमानित लागत 945 करोड़ रुपये बताई जा रही है. योजना के अंतर्गत यह लाइन सहजनवां-दोहरीघाट रेलमार्ग के पास खजनी में जुड़ जाएगी. इससे मालगाड़ियों को गोरखपुर होकर जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी.

किन-किन प्रोजेक्ट्स के लिए जारी हुआ सर्वे बजट

रेलवे बोर्ड द्वारा मंजूर 16 प्रोजेक्ट्स में निम्नलिखित प्रमुख लाइनें शामिल हैं :-

  • मनकापुर–डोमिनगढ़ चौथी लाइन (121 किमी) – ₹2.42 करोड़
  • कुसम्ही–कोपा चौथी लाइन (157 किमी) – ₹3.14 करोड़
  • कुसम्ही–उनौला बाईपास (12 किमी) – ₹24 लाख
  • इंदारा बाईपास (16 किमी) – ₹32 लाख
  • कप्तानगंज बाईपास (9 किमी) – ₹17 लाख
  • घुघली बाईपास (2 किमी) – ₹4 लाख
  • औड़िहार बाईपास (20 किमी) – ₹40 लाख
  • मऊ बाईपास (15 किमी) – ₹30 लाख
  • सीवान बाईपास (12 किमी) – ₹24 लाख
  • टेकनिवास–छपरा बाईपास (12 किमी) – ₹24 लाख

मालगाड़ियों का दबाव घटेगा, हर साल 43 करोड़ की बचत

नई बाईपास लाइन तैयार होने के बाद मालगाड़ियां सीधे सरदारनगर से खजनी, सहजनवां होते हुए खलीलाबाद की ओर जा सकेंगी. इससे गोरखपुर जंक्शन पर ट्रैफिक का बोझ घटेगा और समय की बचत होगी. इस कदम से रेलवे को हर वर्ष करीब 43 करोड़ रुपये की बचत होगी. सर्वे रिपोर्ट के अनुसार, 32 मालगाड़ियां प्रतिदिन गोरखपुर होकर गुजरती हैं, जिन्हें बाईपास किया जा सकेगा. 

रेलवे अधिकारियों की मानें तो जैसे ही सर्वे रिपोर्ट तैयार होकर मुख्यालय भेजी जाएगी, निर्माण कार्य को प्राथमिकता दी जाएगी. इन परियोजनाओं के पूरा होने पर गोरखपुर समेत पूर्वांचल के कई जिलों में रेल यातायात सुगम होगा, साथ ही यात्रियों को तेज और समय पर ट्रेनों की सुविधा मिल सकेगी.

https://bhartiyabasti.com/uttar-pradesh-news-in-hindi/gorakhpur/many-new-rail-routes-will-be-built-in-gorakhpur-railways/article-23316
On

About The Author

Shobhit Pandey Picture

शोभित पांडेय एक समर्पित और अनुभवशील पत्रकार हैं, जो बीते वर्षों से डिजिटल मीडिया और ग्राउंड रिपोर्टिंग के क्षेत्र में लगातार सक्रिय हैं। खबरों की समझ, तथ्यों की सटीक जांच और प्रभावशाली प्रेज़ेंटेशन उनकी विशेष पहचान है। उन्होंने न्यूज़ राइटिंग, वीडियो स्क्रिप्टिंग और एडिटिंग में खुद को दक्ष साबित किया है। ग्रामीण मुद्दों से लेकर राज्य स्तरीय घटनाओं तक, हर खबर को ज़मीनी नजरिए से देखने और उसे निष्पक्षता के साथ प्रस्तुत करने में उनकी विशेष रुचि और क्षमता है।