शिव सेना ने किया सरकारी अस्पतालों में ओपीडी सेवा शुरू करने की मांग

मंहगाई नियंत्रण, रोजगार के लिये मुख्यमंत्री को भेजा ज्ञापन

शिव सेना ने किया सरकारी अस्पतालों में ओपीडी सेवा शुरू करने की मांग
shivsena bhartiya basti live

बस्ती. शिव सेना जिला प्रमुख प्रमोद पाण्डेय के नेतृत्च में बुधवार को शिव सेना एवं भवानी सेना के पदाधिकारियों ने जिलाधिकारी के प्रशासनिक अधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री को 3 सूत्रीय ज्ञापन देकर सरकारी अस्पतालों में ओ.पी.डी. सेवा बहाल किये जाने, मंहगाई पर नियंत्रण और कोरोना काल में बेरोजगार हुये लोगों को रोजगार से जोड़ने की मांग किया.

मुख्यमंत्री को भेजे ज्ञापन में कहा गया है कि कोरोना काल में स्वास्थ्य सेवायें बुरी तरह से लड़खड़ा गई है और इसका फायदा उठाकर निजी अस्पताल एवं कुछ डाक्टर मनमाना फीस एवं जांच के नाम पर उगाही कर रहे हैं. शिवसेना ने मांग किया है कि निजी अस्पतालों में स्वास्थ्य सेवा एवं पैथालोजी जांच की दर निर्धारित करने के साथ ही सरकारी अस्पतालों में ओ.पी.डी. सेवा बहाल किया जाय क्योेंकि गरीब मरीजों और उनके परिजनों को काफी कठिनाईयों का सामना करना पड़ रहा है.

ज्ञापन सौंपते हुये शिव सेना जिला प्रमुख प्रमोद पाण्डेय ने बताया कि कोरोना संकट काल में जहां बेरोजगारी बढी है वहीं मंहगाई चरम पर है. डीजल, पेट्रोल मूल्य वृद्धि के साथ ही सरसो तेल, दाल आदि की कीमतों में बेतहाशा वृद्धि से लोग परेशान है. मांग किया है कि मंहगाई पर अंकुश लगाने के साथ ही रोजगार के अवसर पैदा किये जांय.

बस्ती में दवा के बहाने कराई जमीन की रजिस्ट्री! पीड़िता ने DM से लगाई न्याय की गुहार यह भी पढ़ें: बस्ती में दवा के बहाने कराई जमीन की रजिस्ट्री! पीड़िता ने DM से लगाई न्याय की गुहार

मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपने वालों में मुख्य रूप से दीन दयाल तिवारी, शुभम शर्मा, सर्वजीत मिश्र, सिद्धार्थ शुक्ल, चन्द्रावती, राम प्रकाश गौतम, संदीप जायसवाल, सुनील मिश्र, कलावती, मीरा, सुनीता, अनीता, अर्चना, कुशलावती आदि शामिल रहे.

Basti Panchayat Election 2026: इस गांव का बदल सकता है मतदान स्थल, DM से बदलाव की मांग यह भी पढ़ें: Basti Panchayat Election 2026: इस गांव का बदल सकता है मतदान स्थल, DM से बदलाव की मांग

On

About The Author

Bhartiya Basti Picture

भारतीय बस्ती, बस्ती और अयोध्या से प्रकाशित होने वाला प्रमुख समाचार पत्र है. इस पेज पर आप उन खबरों को पढ़ रहे हैं, जिनकी रिपोर्टिंग भारतीय बस्ती के संवाददाताओं द्वारा ज़मीनी स्तर पर की गई है